आज पूरे देशभर में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी बड़े हर्षोल्लास और भक्ति भाव से मनाई जा रही है। मंदिरों में आकर्षक सजावट, फूलों से श्रृंगार और रोशनी की विशेष व्यवस्था की गई है। भक्त व्रत रखकर भजन-कीर्तन, झांकियों और रास-लीला के माध्यम से भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव का उत्सव मना रहे हैं।
मथुरा, वृंदावन, द्वारका और कुरुक्षेत्र जैसे प्रमुख तीर्थ स्थलों पर लाखों श्रद्धालु उमड़े हैं। मथुरा की गलियों में झांकियों और शोभायात्राओं का खास आयोजन हुआ, वहीं वृंदावन के मंदिरों में रातभर रास-लीला और भजन संध्याएं आयोजित हो रही हैं।
अर्धरात्रि को जैसे ही जन्माष्टमी का शुभ समय हुआ, मंदिरों में जन्म आरती हुई और “नंद घर आनंद भयो” जैसे भजनों से वातावरण गूंज उठा। भक्तों ने भगवान कृष्ण को झूले में झुलाकर जन्मोत्सव मनाया।
शहरों और गांवों में भी जन्माष्टमी का उत्सव पूरे धूमधाम से मनाया जा रहा है। जगह-जगह पर दही-हांडी प्रतियोगिताएं हो रही हैं, जहां युवाओं की टीमें मानव पिरामिड बनाकर मटकी फोड़ने का रोमांचक प्रदर्शन कर रही हैं।
घरों में छोटे-छोटे बच्चों को राधा-कृष्ण की वेशभूषा पहनाकर राधा और कृष्ण के रूप में सजाया गया, जिससे घर-घर का माहौल भक्तिमय और आनंदमय हो गया। स्कूलों और संस्थानों में भी बच्चों की झांकियां और नृत्य-नाटिकाएं आयोजित की गईं।
