गाजियाबाद। भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के मंडल अध्यक्ष, गाजियाबाद क्रॉसिंग अमित कुमार अग्रवाल ने किसानों, युवाओं और आम जनता के अधिकारों को लेकर एक जोरदार संबोधन दिया। अपने भाषण में उन्होंने किसानों की समस्याओं, बढ़ते भ्रष्टाचार और युवाओं के भविष्य को लेकर सरकार एवं प्रशासन से कई महत्वपूर्ण सवाल पूछे।

अमित कुमार अग्रवाल ने कहा कि देश का किसान पूरे राष्ट्र का पेट भरता है, लेकिन सबसे अधिक संघर्ष भी वही कर रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब हर वस्तु और सेवा के दाम बढ़ सकते हैं, तो किसानों की फसलों के उचित मूल्य बढ़ाने में हिचकिचाहट क्यों दिखाई जाती है।

उन्होंने भ्रष्टाचार को देश की सबसे बड़ी बीमारी बताते हुए कहा कि इसके कारण गरीब को उसका अधिकार, युवा को रोजगार, किसान को उसकी फसल का उचित मूल्य और आम नागरिक को न्याय नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने कहा कि जब व्यवस्था भ्रष्ट हो जाती है, तब ईमानदार व्यक्ति को ही सबसे बड़ा अपराधी बना दिया जाता है।

युवाओं को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि केवल सोशल मीडिया और मनोरंजन तक सीमित रहने के बजाय अपने अधिकारों, कानूनों और देश की व्यवस्था की जानकारी प्राप्त करनी चाहिए। उनका कहना था कि जागरूक युवा ही एक मजबूत और विकसित राष्ट्र का निर्माण कर सकता है।

उन्होंने सभी नागरिकों से जाति, धर्म और राजनीतिक विचारधाराओं से ऊपर उठकर किसान, युवा और देश के भविष्य के लिए एकजुट होने का आह्वान किया। उन्होंने भ्रष्टाचार के खिलाफ संघर्ष, किसानों के सम्मान और युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए सामूहिक प्रयास करने की अपील की।

सभा के दौरान उन्होंने कई जोशीले नारे भी लगाए, जिनमें “किसान का सम्मान – देश का अभिमान“, “भ्रष्टाचार हटाओ – भारत बचाओ” और “जागो युवा, जागो किसान – तभी बनेगा मजबूत हिंदुस्तान” प्रमुख रहे।

अपने संबोधन के अंत में उन्होंने कहा:
“देश का किसान कमजोर नहीं है, उसे कमजोर बनाया गया है। जिस दिन किसान और युवा एक साथ खड़े हो गए, उस दिन भ्रष्ट व्यवस्था की नींव हिल जाएगी।”