विश्व हिन्दू महासंघ के सोशल मीडिया प्रभारी अनुज अग्रवाल (रामानुज) ने राज्यसभा में ‘वंदे मातरम्’ को राष्ट्रीय सम्मान से जुड़े कानून के अंतर्गत कानूनी संरक्षण प्रदान करने वाले विधेयक के पारित होने का स्वागत करते हुए इसे भारत की राष्ट्रीय अस्मिता, सांस्कृतिक विरासत और स्वतंत्रता संग्राम की विरासत को सशक्त बनाने वाला ऐतिहासिक निर्णय बताया।

अनुज अग्रवाल (रामानुज) ने कहा कि “वंदे मातरम्” केवल एक गीत नहीं, बल्कि भारत की स्वतंत्रता के लिए संघर्ष करने वाले लाखों क्रांतिकारियों और देशभक्तों की प्रेरणा का स्रोत रहा है। यह राष्ट्रभक्ति, त्याग और मातृभूमि के प्रति समर्पण का अमर प्रतीक है

उन्होंने कहा कि राष्ट्र के सम्मान से जुड़े प्रतीकों का आदर प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है। संसद द्वारा उठाया गया यह कदम राष्ट्रीय एकता, सांस्कृतिक गौरव और देशभक्ति की भावना को और अधिक सुदृढ़ करेगा।

उन्होंने देशवासियों से राष्ट्रीय प्रतीकों का सम्मान करने तथा युवाओं में राष्ट्रप्रेम और संवैधानिक मूल्यों के प्रति जागरूकता बढ़ाने का आह्वान किया। साथ ही उन्होंने इस निर्णय के लिए संसद और केंद्र सरकार का स्वागत करते हुए कहा कि ऐसे कदम भारत की सांस्कृतिक पहचान को और अधिक मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

अंत में अनुज अग्रवाल (रामानुज) ने कहा कि “राष्ट्र सर्वोपरि की भावना ही भारत को विश्व में और अधिक गौरवशाली तथा सशक्त राष्ट्र बनाएगी।”